जुस्तजू जिसकी थी – Justjoo Jiski Thi, Asha Bhosle, Umrao Jaan
“Justjoo Jiski Thi” न केवल एक गीत है, बल्कि एक अधूरी मोहब्बत की मुकम्मल कहानी है। शहरयार, आशा भोंसले और खय्याम की यह तिकड़ी हिंदी सिनेमा के इतिहास में अमर हो गई है।

जुस्तजू जिसकी थी – Justjoo Jiski Thi Ghazal Credits
- Movie/Album: उमराव जान (1981)
- Music : खैय्याम
- Lyrics : शहरयार
- Singers : आशा भोंसले
जुस्तजू जिसकी थी – Justjoo Jiski Thi Ghazal Lyrics
जुस्तजू जिसकी थी उसको तो न पाया हमने
इस बहाने से मगर देख ली दुनिया हमने
तुझको रुसवा न किया, खुद भी पशेमाँ न हुये
इश्क़ की रस्म को इस तरह निभाया हमने
जुस्तजू जिसकी थी…
कब मिली थी कहाँ बिछड़ी थी, हमें याद नहीं
ज़िंदगी तुझको तो, बस ख़्वाब में देखा हमने
जुस्तजू जिसकी थी…
ऐ अदा और सुनाये भी तो क्या हाल अपना
उम्र का लम्बा सफ़र तय किया तन्हा हमने
जुस्तजू जिसकी थी…
