तेरे घर के सामने – Tere Ghar Ke Samne, Md.Rafi, Lata Mangeshkar
“Tere Ghar Ke Samne” एक ऐसा गीत है जो पहले प्यार के सपनों, मासूम ख्वाहिशों और दिल की गहराइयों को बेहद खूबसूरती से बयान करता है। मोहम्मद रफ़ी और लता मंगेशकर की स्वर्णिम आवाजें, एस. डी. बर्मन का मधुर संगीत और हसरत जयपुरी के प्रेमिल बोल मिलकर इस गाने को हिंदी सिनेमा के सबसे प्यारे रोमांटिक गीतों में शामिल करते हैं। यह गीत आज भी सुनने पर दिल में वही पुरानी मिठास भर देता है।

तेरे घर के सामने – Tere Ghar Ke Samne Song Credits
- Movie/Album: तेरे घर के सामने (1963)
- Music : एस.डी.बर्मन
- Lyrics : हसरत जयपुरी
- Singers : मो.रफ़ी, लता मंगेशकर
तेरे घर के सामने – Tere Ghar Ke Samne Song Lyrics in Hindi
तेरे घर के सामने
इक घर बनाऊंगा, तेरे घर के सामने
दुनिया बसाऊंगा, तेरे घर के सामने
इक घर बनाऊंगा…
घर का बनाना कोई, आसान काम नहीं
दुनिया बसाना कोई, आसान काम नहीं
दिल में वफ़ायें हों तो, तूफ़ां किनारा है
बिजली हमारे लिये, प्यार का इशारा है
तन मन लुटाऊंगा, तेरे घर के सामने
दुनिया बसाऊंगा, तेरे घर के सामने…
कहते हैं प्यार जिसे, दरिया है आग का
या फिर नशा है कोई, जीवन के राग का
दिल में जो प्यार हो तो, आग भी फूल है
सच्ची लगन जो हो तो, पर्बत भी धूल है
तारे सजाऊंगा, तेरे घर के सामने
दुनिया बसाऊंगा, तेरे घर के सामने…
कांटों भरे हैं लेकिन, चाहत के रास्ते
तुम क्या करोगे देखें, उल्फत के वास्ते
उल्फत में ताज़ छूटे, ये भी तुम्हें याद होग
उल्फत में ताज़ बने, ये भी तुम्हें याद होग
मैं भी कुछ बनाऊंगा (हूँ) तेरे घर के सामने (देखें)
दुनिया बसाऊंगा, तेरे घर के सामने…
