मोहब्बत तर्क की – Mohabbat Tark Ki (Talat Mahmood, Do Raha
“Mohabbat Tark Ki” एक ग़ज़लनुमा गीत है जिसे बेहद दर्दभरे अंदाज़ में तलत महमूद ने गाया है। उनके मखमली स्वर में साहिर लुधियानवी के गहरे, दार्शनिक बोल और एन. दत्ता का संवेदनशील संगीत मिलकर इसे एक अमर और आत्मा को छू जाने वाला गीत बना देते हैं। “दो राहा” 1969 में रिलीज़ हुई एक गंभीर और भावनात्मक हिंदी फिल्म है, जिसका निर्देशन किया था बी. आर. इशारा ने। इस फिल्म में राजेश खन्ना और रत्ना ने प्रमुख भूमिकाएँ निभाईं थीं।

मोहब्बत तर्क की – Mohabbat Tark Ki Song Credits
Movie/Album: दो राहा (1952)
Music By: अनिल बिस्वास
Lyrics : साहिर लुधियानवी
Singer : तलत महमूद
मोहब्बत तर्क की – Mohabbat Tark Ki Song Lyrics in Hindi
मोहब्बत तर्क की मैंने, गरेबाँ सी लिया मैंने
ज़माने अब तो ख़ुश हो, ज़हर (ये) भी पी लिया मैंने
अभी ज़िन्दा हूँ लेकिन, सोचता रहता हूँ ये दिल में
कि अब तक किस तमन्ना के सहारे जी लिया मैंने
मोहब्बत तर्क की मैंने
तुझे अपना नहीं सकता, मगर इतना भी क्या कम है
कि कुछ घड़ियाँ तेरे ख़्वाबों में खो कर जी लिया मैंने
मोहब्बत तर्क की मैंने
बस अब तो मेरा दामन छोड़ दो बेकार उम्मीदों
बहुत दुःख सह लिये मैंने, बहुत दिन जी लिया मैंने
मोहब्बत तर्क की मैंने
