कांवड़ सजा के चालो, सावन ऋतू है आई – Kanwad Saja Ke Chalo Sawan Ritu Hai Aayi, Kumar Narendra
“Kanwad Saja Ke Chalo Sawan Ritu Hai Aayi” एक अत्यंत भावपूर्ण शिव भजन है जिसे गायक कुमार नरेंद्र ने अपनी मधुर और भक्ति से भरी आवाज़ में गाया है। यह भजन सावन माह की पवित्रता और भगवान भोलेनाथ के प्रति श्रद्धा को समर्पित है। हर वर्ष सावन के आगमन के साथ जब भक्त कांवड़ लेकर शिवालय की ओर निकलते हैं, तो इस तरह के गीत पूरे वातावरण को भक्ति रस से भर देते हैं।

कांवड़ सजा के चालो, सावन ऋतू है आई – Kanwad Saja Ke Chalo Sawan Ritu Hai Aayi Shiva Bhajan Credits
- Song: Kanwad Saja Ke Chaalo
- Singer: Kumar Narendra
- Category: Hindi Devotional ( Shiva Bhajan)
- Producers: Amresh Bahadur – Ramit Mathur
- Label : Yuki
कांवड़ सजा के चालो, सावन ऋतू है आई – Kanwad Saja Ke Chalo Sawan Ritu Hai Aayi Shiva Bhajan Lyrics in Hindi
कांवड़ सजा के चालो,
सावन ऋतू है आई,
भक्तो को शिव ने अपने,
आवाज है लगाई,
कावड़ सजा के चालो,
सावन ऋतू है आई ॥
सावन की ऋतू है प्यारी,
भक्तो करो तयारी,
शिव गौरा से मिलन की,
मन में उमंग भारी,
मन में उमंग भारी,
तन हो गया है फागण,
मन में बसंत छाई,
कावड़ सजा के चालो,
सावन ऋतू है आई ॥
जीवन है तेरा छोटा,
बातों में ना लगाना,
जब जब भी आए सावन,
कांवड़ शिव चरण चढ़ाना,
जिस भक्त के ये भाव,
जिस भक्त के ये भाव,
उसने शिव कृपा है पाई,
कावड़ सजा के चालो,
सावन ऋतू है आई ॥
आदेश शिव का होता,
दर्शन को सभी है पाते,
शिव की कृपा जो होती,
कांवड़ तभी उठाते,
हमने भी शिव कृपा से,
हमने भी शिव कृपा से,
जीवन में कृपा ये पाई,
कावड़ सजा के चालो,
सावन ऋतू है आई ॥
कांवड़ सजा के चालो,
सावन ऋतू है आई,
भक्तो को शिव ने अपने,
आवाज है लगाई,
कावड़ सजा के चालो,
सावन ऋतू है आई ॥
