एगो छुछिये बचल बा

एगो छुछिये बचल बा Ego Chhuchhiye Bachal Ba – Pramod Premi Yadav 

परिचय

भोजपुरी संगीत उद्योग में गाने का अपना एक अलग ही महत्व है। आज हम चर्चा करेंगे प्रमोद प्रेमी यादव और अंजलि भारती के लोकप्रिय गाने “एगो छुछिये बचल बा” पर, जिसने अपने धुन और बोल से सभी का दिल जीत लिया है।

गाने का परिचय

“एगो छुछिये बचल बा” एक ऐसा गाना है जो अपने अनोखे नाम से ही लोगों को आकर्षित करता है। इस गाने को प्रमोद प्रेमी यादव और अंजलि भारती ने गाया है। दोनों ही अपने मधुर आवाज के लिए जाने जाते हैं और इस गाने में उनकी जोड़ी ने कमाल कर दिखाया है।

प्रमोद प्रेमी यादव ने अपने करियर की शुरुआत भोजपुरी संगीत से की थी। उनका पहला गाना ही सुपरहिट रहा था और तब से उन्होंने कभी पीछे मुड़कर नहीं देखा। प्रमोद प्रेमी यादव के कई प्रमुख गाने हैं जिनमें “ललकी ओढ़नी”, “भतार आवतानी” और “अंखियों से गोली मारे” शामिल हैं।

अंजलि भारती ने अपने गायन करियर की शुरुआत बहुत ही कम उम्र में कर दी थी। उनका पहला एल्बम बहुत ही प्रसिद्ध हुआ और उन्होंने जल्द ही भोजपुरी संगीत उद्योग में अपनी जगह बना ली। अंजलि भारती के प्रमुख गानों में “सजना के अंगना”, “पिया के प्यार” और “लागे लू ए राजा” शामिल हैं।

गाने की प्रेरणा

“एगो छुछिये बचल बा” गाने की प्रेरणा समाज में घटित होने वाली घटनाओं से ली गई है। यह गाना एक सच्ची घटना पर आधारित है जो हमारे समाज में अक्सर घटित होती है।

एगो छुछिये बचल बा
एगो छुछिये बचल बा

एगो छुछिये बचल बा Ego Chhuchhiye Bachal Ba Song Credits

  •  Album Name – Ego Chhuchiye Bachal Ba
  • Song Name – Ego Chhuchhiye Bachal Ba
  • Singer Name – Pramod Premi Yadav
  • Female Singer – Anjali Bharti
  • Lyrics – Sonu Sudhakar
  •  Music Director –  Abhishek Tiwari
  • Company Label © – Pramod Premi Entertainment
  • Released Date – 10 January 2024

एगो छुछिये बचल बा Ego Chhuchhiye Bachal Ba Lyrics in Hindi

ऐ धनी सटा तानी तू ता करवाट तारू
काहे पुरुबे देवाल ओरि हटा तारू
ऐ धनी सटा तानी तू ता करवाट तारू
काहे पुरुबे देवाल ओरि हटा तारू
चित कके चिखला त टुटल पायल
अब लागे दरद अब पुरिये देबा का
एगो छुछिये बचल बा
उहो तुरिये देबा का
एगो छुछिये बचल बा
उहो तुरिये देबा का

सवाख से देले रही सासु मुह देखईया
तुरला उहो बाली सईया करे मे लराइया
आहो धनी गहना गुड़िया जेवर
त ले आईओ जाई
ई सोहाग वाली रात ना दोबारा आई
कैदा से करबा त होई तोहरो फायदा
लागे बदन पुरा तुरिये देबा का
एगो छुछिये बचल बा
उहो तुरिये देबा का
एगो छुछिये बचल बा
उहो तुरिये देबा का

सोनु सुधाकर सईया राखा तनिका धीर हो
खातारा के घंटी बाजल लांघा जन लकीर हो
तोहर प्रमोद प्रेमी लागे
कुछ सिखवाले नईखन
का का ससुरा मे होला
उ बतवाले नईखन
बारी टरच करेला रिसरच
ढोड़ी मे एक बिता हुरिये देबा का
एगो छुछिये बचल बा
उहो तुरिये देबा का
एगो छुछिये बचल बा
उहो तुरिये देबा का

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