ऐ हैरते – Ay Hairathe, Guru, Hariharan, Alka Yagnik
“Ay Hairathe” फिल्म गुरु का एक सूफियाना, गूढ़ और अत्यंत संवेदनशील प्रेमगीत है। गुलज़ार की रहस्य में डूबी हुई कविता, ए.आर. रहमान का आत्मीय संगीत और अलका याग्निक व हरिहरन की आत्मा को छू लेने वाली आवाज़ों ने इसे एक कालजयी रचना बना दिया है। यह गीत प्रेम की उस पराकाष्ठा को छूता है, जहाँ शब्दों से ज़्यादा मौन और एहसास बोलते हैं।

ऐ हैरते – Ay Hairathe Song Credits
- Movie/Album: गुरु (2007)
- Music : ए.आर.रहमान
- Lyrics : गुलज़ार
- Singers : अलका याग्निक, हरिहरन
ऐ हैरते – Ay Hairathe Song Hindi Lyrics
ऐ हैरते आशिकी जगा मत
पैरों से ज़मीं, ज़मीं लगा मत
दमदारा दमदारा चश्म-चश्म नम
दमदारा दमदारा चश्म-चश्म नम
सुन मेरे हमदम
हमेशा इश्क में ही जीना
क्यों उर्दू, फारसी बोलते
दस कहते हो, दो तौलते हो
झूठों के शहनशाह बोलो ना
कभी झाँकों, मेरी ऑंखें
सुनाये इक दास्ताँ
जो होठों से खोलो ना
ऐ हैरते आशिकी…
दो चार महीन से लम्हों में
उम्रों के हिसाब भी होते हैं
जिन्हें देखा नहीं कल तक
कहीं भी अब कोख में वो चेहरे बोते है
ऐ हैरते आशिकी…
