तंग आ चुके हैं – Tang Aa Chuke Hain -Md.Rafi
हिंदी सिनेमा का स्वर्णिम युग, 1950 के दशक में, हमें कई अद्वितीय फिल्मों और गीतों से नवाजा। इन्हीं में से एक है गुरु दत्त की फिल्म ‘प्यासा’। यह फिल्म अपने समय से कहीं आगे थी और इसमें ‘Tang Aa Chuke Hain’ जैसे गीत ने समाज के कई पहलुओं को उजागर किया। 1957 में रिलीज हुई फिल्म ‘प्यासा’ गुरु दत्त द्वारा निर्देशित एक क्लासिक फिल्म है। यह फिल्म एक कवि विजय की कहानी है जो अपनी कला और समाज के बीच संघर्ष करता है। इस फिल्म में मुख्य भूमिकाओं में गुरु दत्त, वहीदा रहमान, और माला सिन्हा नजर आए।

तंग आ चुके हैं – Tang Aa Chuke Hain, Songs Details….
- Movie/Album: प्यासा
- Year : 1957
- Music By: एस.डी.बर्मन
- Lyrics By: साहिर लुधियानवी
- Performed By: मोहम्मद रफ़ी
तंग आ चुके हैं – Tang Aa Chuke Hain Lyrics in Hindi
तंग आ चुके हैं कश्मकश-ए-ज़िंदगी से हम
ठुकरा न दें जहां को कहीं बेदिली से हम
हम ग़मज़दा हैं, लाये कहाँ से ख़ुशी के गीत
कहाँ से ख़ुशी के गीत
देंगे वो ही जो पाएँगे इस ज़िन्दगी से हम
उभरेंगे एक बार अभी दिल के वलवले
अभी दिल के वलवले
माना के दब गए हैं ग़म-ए-ज़िन्दगी से हम
लो आज हमने तोड़ दिया रिश्ता-ए-उम्मीद
रिश्ता-ए-उम्मीद
लो अब कभी गिला न करेंगे किसी से हम
