तुम पास आ रहे हो – Tum Paas Aa Rahe Ho, Jagjit Singh, Lata Mangeshkar, Veer Zaara
“Tum Paas Aa Rahe Ho” – यह गीत एक नज़्म की तरह रचा गया एक ऐसा अनुभव है जो दिल और रूह दोनों को छूता है। फिल्म वीर-ज़ारा का यह गीत दो आत्माओं के मिलन की प्रतीक्षा, उनकी यादों और अंदर ही अंदर उमड़ते जज़्बातों का खूबसूरत चित्रण करता है। यह गाना एक प्रेम-पत्र सा लगता है — जिसमें हर लफ़्ज़, हर स्वर, हर खामोशी प्रेम में डूबी प्रतीक्षा को बयाँ करता है।

तुम पास आ रहे हो – Tum Paas Aa Rahe Ho Song Credits
Movie/Album: वीर ज़ारा (2004)
Music By: मदन मोहन
Lyrics : जावेद अख्तर
Singer : जगजीत सिंह, लता मंगेशकर
तुम पास आ रहे हो – Tum Paas Aa Rahe Ho Song Lyrics in Hindi
धीरे, धीरे, धीरे, धीरे
आँखों में छा रहे हो
तुम पास आ रहे हो
चुपके, चुपके, चुपके, चुपके
दिल में समा रहे हो
तुम पास आ रहे हो
धीरे, धीरे
चुपके, चुपके
झुकती हुई ये पलकें, खुलते हुए ये गेसू
ये शरम की अदाएँ, वो शोखियों का जादू
कैसे, कैसे, कैसे कैसे
सपने दिखा रहे हो
तुम पास आ रहे हो…
फूलों भरे नज़ारे, ये खुशबुओं के डेरे
लगते हैं ख्वाब जैसे, ये शाम ये सवेरे
हौले, हौले, हौले, हौले
अरमां जगा रहे हो
तुम पास आ रहे हो…
