बहना ने भाई की कलाई…

बहना ने भाई की कलाई – Behna Ne Bhai Ki Kalai – Suman Kalyanpur

परिचय

भारतीय सिनेमा में शंकर-जयकिशन की जोड़ी और गायिका सुमन कल्याणपुर का नाम सुनहरे अक्षरों में लिखा गया है। इनका संगीत श्रोताओं के दिलों में हमेशा एक विशेष स्थान रखता है। “बहना ने भाई की कलाई” ऐसा ही एक अमर गीत है, जिसे शैलेन्द्र के दिल छू लेने वाले बोलों और सुमन कल्याणपुर की भावपूर्ण आवाज़ ने अनमोल बना दिया है।

गीत की पृष्ठभूमि

“बहना ने भाई की कलाई” गीत 1970 के दशक में रक्षाबंधन के पावन पर्व पर आधारित फिल्मों में से एक फिल्म का हिस्सा था। शंकर-जयकिशन ने इस गीत को संगीतबद्ध किया और शैलेन्द्र ने इसके बोल लिखे। इस गीत के माध्यम से भाई-बहन के अटूट बंधन को बहुत ही खूबसूरती से पेश किया गया है।

संगीत का जादू

शंकर-जयकिशन ने इस गीत के लिए जो धुन तैयार की, वह भारतीय शास्त्रीय संगीत और फिल्मी धुनों का अद्वितीय संगम है। गीत की शुरुआत में सितार और तबले की ताल ने गीत को एक अलग ऊँचाई पर पहुँचा दिया। सुमन कल्याणपुर की आवाज़ में इस गीत को गाने का जो अंदाज़ है, वह सीधे दिल में उतर जाता है।

शैलेन्द्र के शब्दों की गहराई

शैलेन्द्र ने इस गीत में भाई-बहन के रिश्ते की गहराई को बेहद सरल और सशक्त शब्दों में पिरोया है। उनके शब्दों में एक बहन की भावनाएं इतनी सजीव हो उठती हैं कि हर सुनने वाले को अपने भाई-बहन की याद आ जाती है।

सुमन कल्याणपुर की आवाज़ की महत्ता

सुमन कल्याणपुर ने अपनी मीठी और मधुर आवाज़ में इस गीत को गाया है। उनके सुरों की मिठास और आवाज़ की स्पष्टता ने इस गीत को एक विशेष पहचान दी है। श्रोताओं के दिलों में इस गीत की जो छाप है, वह उनकी आवाज़ की बदौलत है।

गीत के सामाजिक और सांस्कृतिक प्रभाव

“बहना ने भाई की कलाई” गीत न केवल एक मनोरंजन का साधन है, बल्कि इसने समाज में भाई-बहन के रिश्ते को और अधिक मजबूत किया है। रक्षाबंधन के त्योहार के महत्व को इस गीत ने और भी अधिक बढ़ा दिया है।

गीत की लोकप्रियता

यह गीत आज भी रक्षाबंधन के मौके पर गूंजता है। यह न केवल अपने समय में बल्कि आज भी उतना ही लोकप्रिय है। इस गीत को सुनकर हर भाई-बहन का दिल भर आता है और यह उन्हें एक दूसरे के प्रति अपने प्यार का एहसास दिलाता है।

निष्कर्ष

“बहना ने भाई की कलाई” गीत भारतीय संगीत का एक अमूल्य रत्न है। शंकर-जयकिशन का संगीत, शैलेन्द्र के बोल और सुमन कल्याणपुर की आवाज़ ने इसे अमर बना दिया है। इस गीत ने भाई-बहन के रिश्ते को और भी सुदृढ़ किया है और यह हमेशा भारतीय संगीत के इतिहास में जीवित रहेगा।

बहना ने भाई की कलाई
बहना ने भाई की कलाई

बहना ने भाई की कलाई – Behna Ne Bhai Ki Kalai Song Credits…

  • Movie/Album: रेशम की डोरी
  • Year : 1974
  • Music By: शंकर-जयकिशन
  • Lyrics By: शैलेन्द्र
  • Performed By: सुमन कल्यानपुर

बहना ने भाई की कलाई – Behna Ne Bhai Ki Kalai Song Lyrics in Hindi

बहना ने भाई की कलाई से प्यार बाँधा है
प्यार के दो तार से, सँसार बाँधा है
रेशम की डोरी से सँसार बाँधा है

सुंदरता में जो कन्हैया है
ममता में यशोदा मईया है
वो और नहीं दूजा कोई
वो तो मेरा राजा भईया है
बहना ने भाई की कलाई से…

मेरा फूल है तू, तलवार है तू
मेरी लाज का पहरेदार है तू
मैं अकेली कहाँ इस दुनिया में
मेरा सारा सँसार है तू
बहना ने भाई की कलाई से…

हमें दूर भले किस्मत कर दे
अपने मन से न जुदा करना
सावन के पावन दिन भईया
बहना को याद किया करना
बहना ने भाई की कलाई से…

बहना ने भाई की कलाई – Behna Ne Bhai Ki KalaiVideo Song…

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